अंधी हत्या का पर्दाफाश पति ही निकला हत्यारा

सिंगरौली।। दिनांक 19.03.2022 को सूचनाकर्ता हृदयलाल बैगा पिता ब्रह्मलाल बैगा उम्र 21 वर्ष निवासी चिनगो थाना बरगवां का थाना उपस्थित आकर इस आशय की सूचना दिया कि यह दिनांक 18.03.2022 को ससुराल ग्राम गिधेर मे था, तभी गांव से सूचना मिली कि तुम्हारी मां की मृत्यु हो गई है, तब यह जाकर घर चिनगो मे देखा तो इसकी मां सीतादेवी घर के बाहर द्वार पर मृत हालत मे पडी थी, तथा घर मे कोई नही था।

जिस पर थाना बरगवां मे मार्ग क्रमांक 26/2022 कायम कर उक्त सूचना श्रीमान पुलिस अधीक्षक सिंगरौली श्री वीरेन्द्र सिंह को दी गई जिनके द्वारा तत्काल मौके पर पहुचकर मृतिका के शव मे आवश्यक कार्यवाही के निर्देश प्राप्त होने पर, अति0पुलिस अधीक्षक श्री अनिल सोनकर एवं एसडीओपी श्री राजीव पाठक के मार्गदर्शन मे थाना प्रभारी बरगवां आर0पी0 सिंह के नेतृत्व मे टीम गठित की जाकर तत्काल मौके पर पहुचकर मृतिका का शव कब्जे मे लेकर पंचनामा कार्यवाही कर फोटोग्राफी, वीडियो ग्राफी कराई गई।

मौके पर एफएसएल अधिकारी से निरीक्षण कराया जाकर पूछतांछ की गई जो शव पंचनामा एवं पी0एम0 रिपोर्ट मे मृतिका सीतादेवी उर्फ गोलर बैगा पति ब्रह्मदेव बैगा उम्र 50 वर्ष को अज्ञात ब्यक्ति द्वारा गला मरोडने से गले की एटलस हड्डी के टूटने से हत्या करना पाये जाने पर अपराध क्रमांक 214/2022 धारा 302 भा.द.वि. कायम कर विवेचना मे लिया गया।

विवेचना के क्रम मे अज्ञात आरोपी की पतारसी की गई जो मृतिका के पति ब्रह्मदेव के घटना दिनांक से गायब होने एवं गवाहान के कथन से मृतिका के पति पर संदेह होने पर संदेही ब्रहृमलाल बैगा पिता समई बैगा उम्र 54 वर्ष निवासी चिनगों थाना बरगवां को दस्तयाब कर पूछतांछ की गई जो बताया कि इसकी पत्नी सीतादेवी उर्फ गोलर बैगा का अन्य ब्यक्ति से सम्बध था, जिससे वह आरोपी से अक्सर विवाद करती रहती थी।

घटना दिनांक के शाम मे भी खाना नही बनाई थी, जिस बात पर आरोपी एवं मृतिका का विवाद हुआ था, जिससे गुस्से मे आकर आरोपी द्वारा जोर से मृतिका का गला मरोड दिया था, जिससे मृतिका की मौके पर ही मृत्यु हो गई थी। उक्त घटना से क्षेत्र मे सनसनी फैल गई थी, जिसको चुनौती के रूप मे लेते हुये पुलिस अधीक्षक महोदय् सिंगरौली के सतत मार्गदर्शन मे बरगवां पुलिस ने महज चंद दिनों मे हत्या का पर्दाफाश करते हुये आरोपी को गिरफ्तार कर जे/आर पर भेज दिया गया।

विशेष योगदान

उक्त कार्यवाही मे निरीक्षक आर.पी. सिंह के नेतृत्व मे सउनि सजीत सिंह, प्र.आर. राजकुमार विश्वकर्मा, रावेन्द्र सिंह, रमेश रावत एवं आरक्षक विवेक सिंह, पंकज चतुर्वेदी, का सराहनीय योगदान रहा है।