Hindi Diwas 2022 : मध्य प्रदेश के किस साहित्यकार के 50वें जन्मदिन पर हिन्दी को राजभाषा के रूप में स्वीकार किया गया।

Hindi Diwas 2022 : हिंदी एक ऐसी भाषा है जो प्रत्येक भारतीय के दिल में एक महत्वपूर्ण और विशेष स्थान रखती है क्योंकि हिंदी को भारत की राष्ट्रीय भाषा के रूप में स्वीकारा गया। इस भाषा को केंद्र और राज्य सरकार द्वारा 14 सितंबर 1949 को अधिकारियों के लिए हिंदी को आधिकारिक भाषा के रूप में नामित किया गया था।

भारत में सबसे ज्यादा लोग हिंदी ही बोला करते है कहने का मतलब यह है की 70% से अधिक लोग हिंदी ही बोलते और समझते हैं।

किसके जन्म दिन पर हिन्दी को राजभाषा के रूप में स्वीकार किया गया।

Hindi Diwas 2022 : भारत में ही नहीं बल्कि हिंदी भाषा को नेपाल, गुयाना, त्रिनिदाद,टोबैगो, सूरीनाम, फिजी और मॉरीशस जैसे अन्य देशों में भी बोली जाती है। हिंदी को भारत की राष्ट्रीय भाषा बनाने में महत्वपूर्ण प्रयास करने वाले व्यौहार राजेन्द्र सिंह का जन्मदिन भी 14 सितंबर को ही है।आप मध्यप्रदेश के जबलपुर के रहने वाले थे। उनके 50वें जन्मदिन के दिन ही, अर्थात 14 सितम्बर 1949 को, हिन्दी को राजभाषा के रूप में स्वीकार किया गया।

कब मनाया गया पहला हिंदी दिवस

भारत 1949 में देवनागरी लिपि में लिखी गई हिंदी भाषा को भारतीय संविधान के अनुच्छेद 343 के तहत हिंदी भाषा को भारतीय गणराज्य की आधिकारिक भाषा के रूप में अपनाया गया। भारत का संविधान 26 जनवरी, 1950 को लागू हुआ उस दिन संविधान सभा का निर्णय भी अधिकृत किया गया जिसके बाद पहला हिंदी दिवस 1953 में मनाया गया था।

Hindi Diwas 2022 : भारतीय केंद्र सरकार संचार की प्राथमिक आधिकारिक भाषा के रूप में 1950 से हिंदी भाषा का उपयोग किया जाता रहा है, जो केंद्र व राज्य सरकार दोनों के बीच संचार की प्राथमिक आधिकारिक भाषा भी है। सभी राज्य सरकारों को अपनी स्वेच्छा अनुसार अपने-अपने राज्यों के लिए अपनी आधिकारिक भाषा चुनने की स्वतंत्रता दी गई थी। इसलिए हिंदी और अंग्रेजी के साथ 22 भाषाओं को आधिकारिक भाषाओं के रूप में भारतीय संविधान मान्यता देता है।

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